संदिली सिंह,मैनपाट,छत्तीसगढ़,15सितंबर2025,विशेष रिपोर्ट-Nexis News
मैनपाट में धर्मांतरण प्रकरण को लेकर आज,पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की हैं। धर्म रक्षा समिति के खंड संयोजक और ग्राम केसरा निवासी दिलवर यादव की शिकायत पर, कमलेश्वरपुर पुलिस ने आरोपी महिला आरती मांझी के खिलाफ अपराध दर्ज किया हैं। मामला छत्तीसगढ़ धर्म स्वतंत्रता अधिनियम की धारा 5(क) के तहत दर्ज किया गया हैं।
जानकारी के मुताबिक, रविवार को धर्म रक्षा समिति के संयोजक दिलवर यादव और ग्रामीणों ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए,आरोपी महिला आरती मांझी को रंगे हाथ पकड़ा। आरोप हैं,कि महिला ग्राम सरभंजा के मांझी परिवार की 6 नाबालिग बालिकाओं को बरिमा चर्च में बतिस्ता कराने के इरादे से ले जा रही थी।
ग्रामीणों ने तुरंत इस घटना की सूचना धर्म रक्षा समिति के खंड संयोजक को दी, जिसके बाद मामला पुलिस तक पहुंचा। घटना के बाद बच्चियों के परिजनों ने भी पुलिस के समक्ष बयान दर्ज कराए। उनका कहना हैं,कि उन्हें इस पूरे मामले की कोई जानकारी नहीं थी और आरोपी महिला ने बच्चियों को बहलाफुसला कर व प्रलोभन देकर धर्म परिवर्तन कराने का प्रयास किया।
इस पूरे मामले में धर्म रक्षा समिति के खंड संयोजक दिलवर यादव ने प्रशासन से कड़ी कार्रवाई की मांग की थी। उन्होंने कहा,कि इस तरह की गतिविधियां न केवल सामाजिक समरसता के लिए खतरा हैं,बल्कि कानून का भी उल्लंघन करती हैं।
वहीं पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए,आरोपी महिला के खिलाफ छत्तीसगढ़ धर्म स्वतंत्रता अधिनियम की धारा 5(क) के तहत अपराध दर्ज कर लिया हैं,और विस्तृत जांच शुरू कर दी हैं। अधिकारीयों का कहना है कि जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
फिलहाल यह मामला क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ हैं, और ग्रामीणों के साथ-साथ सामाजिक संगठनों की भी इस पर नजर बनी हुई हैं।












