अर्पित तिवारी,बलरामपुर,छत्तीसगढ़,1जुलाई 2026
बलरामपुर-रामानुजगंज जिले में पशु तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे,अभियान के तहत राजपुर पुलिस को बड़ी सफलता मिली हैं। चर्चित पशु तस्करी प्रकरण में फरार चल रहे उत्तर प्रदेश के दो और आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया हैं। इस कार्रवाई के साथ अब तक इस मामले में कुल चार आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी हैं, जबकि अन्य फरार आरोपियों की तलाश जारी हैं।पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में पशु तस्करी एवं अवैध पशु परिवहन के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही हैं। इसी क्रम में राजपुर थाना पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों, मुखबिर की सूचना और लगातार की गई पतासाजी के आधार पर अभिमन्यु गिरी (23 वर्ष) और निखिल गिरी (26 वर्ष), दोनों निवासी थाना चकिया, जिला चंदौली (उत्तर प्रदेश) को गिरफ्तार किया।
🟠11 जून को पकड़ा गया था तस्करी का बड़ा खेप
मामले की शुरुआत 11 जून 2026 को हुई थी, जब राजपुर पुलिस को सूचना मिली,कि एक पिकअप वाहन (UP-65 QT-1375) में भैंसों को क्रूरतापूर्वक ठूंस-ठूंसकर भरकर वध के लिए उत्तर प्रदेश ले जाया जा रहा हैं।सूचना मिलते ही पुलिस ने ग्राम गोपालपुर के पास घेराबंदी कर वाहन को रोका। जांच में 12 भैंसों को अमानवीय तरीके से भरकर ले जाते पाया गया। मौके से वाहन चालक अशोक गिरी को गिरफ्तार कर लिया गया, जबकि उसके अन्य साथी अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गए थे।
🟠पिकअप, ब्रेजा कार और 12 भैंस जब्त
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने घटना में प्रयुक्त—
एक पिकअप वाहन एक ब्रेजा कार 12 भैंस जब्त किए। सभी भैंसों को सुरक्षित रूप से ग्राम बासेन स्थित गौशाला में रखा गया हैं,जहां उनकी देखरेख की जा रही हैं।
🟠पहले भी एक आरोपी जा चुका हैं,जेल
विवेचना के दौरान तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर सलमान उर्फ सहजाद आलम को पहले ही गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेजा जा चुका हैं। अब दो और आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद इस मामले में गिरफ्तार आरोपियों की संख्या चार हो गई हैं।
🟠अन्य फरार आरोपियों की तलाश जारी
पुलिस ने बताया,कि पूछताछ के आधार पर पूरे नेटवर्क की जांच की जा रही हैं। अन्य फरार आरोपियों की तलाश में संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दी जा रही हैं। पुलिस यह भी पता लगा रही हैं,कि पशु तस्करी का यह गिरोह किन राज्यों में सक्रिय था और इसके पीछे कौन-कौन लोग शामिल हैं।
🟠इन धाराओं के तहत दर्ज हैं,मामला
आरोपियों के खिलाफ अपराध क्रमांक 147/2026 के तहत—
🔸️छत्तीसगढ़ कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम, 2004 की धारा 4, 6 एवं 10
🔸️पशुओं के प्रति क्रूरता निवारण अधिनियम, 1960 की धारा 11
🔸️भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 3(5)के तहत मामला दर्ज कर विवेचना की जा रही हैं।
🟠पुलिस की आमजन से अपील
बलरामपुर-रामानुजगंज पुलिस ने नागरिकों से अपील की हैं,कि यदि कहीं भी पशु तस्करी, अवैध पशु परिवहन या पशुओं के साथ क्रूरता की जानकारी मिले तो तत्काल नजदीकी थाना या पुलिस कंट्रोल रूम को सूचित करें,ताकि ऐसे अपराधों पर प्रभावी कार्रवाई की जा सके।












