अर्पित तिवारी,बलरामपुर,छत्तीसगढ़,2जुलाई 2026
छत्तीसगढ़ और झारखंड की सीमा से जुड़े क्षेत्रों में, अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण और दोनों राज्यों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने के उद्देश्य से गुरुवार को, झारखंड के महुआडांड़ स्थित एसडीपीओ कार्यालय में अंतरराज्यीय बॉर्डर मीटिंग आयोजित की गई। बैठक में दोनों राज्यों के सीमा से लगे थाना प्रभारियों और पुलिस अधिकारियों ने हिस्सा लिया तथा अपराध नियंत्रण को लेकर संयुक्त रणनीति तैयार की।
🟠अपराधियों पर संयुक्त कार्रवाई की बनी रणनीति
बैठक में सीमा क्षेत्रों में अवैध बॉक्साइट खनन, गांजा एवं अफीम की खेती व तस्करी, मवेशी तस्करी, अवैध शराब एवं नशीली दवाओं के परिवहन, फरार वारंटियों की गिरफ्तारी, नियमित नाकाबंदी, चेक पोस्ट पर सघन जांच और साइबर अपराध जैसे गंभीर मुद्दों पर विस्तृत चर्चा की गई।
🟠दोनों राज्यों की पुलिस करेगी साझा कार्रवाई
बैठक में तय किया गया,कि सीमा क्षेत्र में होने वाले किसी भी अपराध पर दोनों राज्यों की पुलिस तत्काल एक-दूसरे से समन्वय स्थापित कर कार्रवाई करेगी। साथ ही अपराधियों के आपराधिक रिकॉर्ड, जांच संबंधी सूचनाओं और आवश्यक जानकारी का नियमित आदान-प्रदान भी किया जाएगा।
🟠साइबर अपराध और सीमा सुरक्षा पर विशेष फोकस
अधिकारियों ने साइबर अपराध के नए तरीकों पर चर्चा करते हुए,लोगों को जागरूक करने और अपराधियों तक तेजी से पहुंचने के लिए समन्वित प्रयासों पर जोर दिया। इसके अलावा बॉर्डर क्षेत्रों में नियमित गश्त, चेकिंग और संयुक्त अभियान चलाने पर भी सहमति बनी।
🟠सूचना साझा करने के लिए बनाया गया व्हाट्सएप ग्रुप
सीमा क्षेत्र में त्वरित सूचना आदान-प्रदान और बेहतर तालमेल के लिए बैठक में दोनों राज्यों के पुलिस अधिकारियों का एक साझा व्हाट्सएप ग्रुप भी बनाया गया, ताकि किसी भी संदिग्ध गतिविधि या अपराध की सूचना तत्काल साझा कर संयुक्त कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।बैठक आशीष कुंजाम (एसडीओपी कुसमी) एवं पूजा कुमारी (एसडीपीओ महुआडांड़) की अध्यक्षता में आयोजित हुई। इसमें झारखंड और बलरामपुर जिले के सीमा क्षेत्र के थाना प्रभारी एवं पुलिस अधिकारी मौजूद रहे।












