अर्पित तिवारी,बलरामपुर,छत्तीसगढ़,12अक्टूबर2026
जिले में ग्रामीण रोजगार को बढ़ावा देने,किसानों को धान बेचने में सुविधा उपलब्ध कराने और शासकीय योजनाओं का लाभ पात्र हितग्राहियों तक पहुंचाने के लिए जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। कलेक्टर चंदन संजय त्रिपाठी ने संयुक्त जिला कार्यालय के सभाकक्ष में, आयोजित समय-सीमा की बैठक में विभिन्न विभागों के कार्यों की समीक्षा करते हुए,अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी योजनाओं का क्रियान्वयन निर्धारित समय-सीमा में सुनिश्चित किया जाए।बैठक में वीबी-जी राम जी (VB-G RAM G) के तहत अधिक से अधिक ग्रामीणों को जोड़कर रोजगार उपलब्ध कराने,पांच नवीन धान उपार्जन केंद्रों को शीघ्र स्थापित करने,विशेष आधार शिविरों का व्यापक प्रचार-प्रसार करने और लंबित निर्माण एवं राजस्व प्रकरणों का समय पर निराकरण करने पर विशेष जोर दिया गया। कलेक्टर ने कहा,कि सभी विभाग आपसी समन्वय से काम करें, ताकि योजनाओं का लाभ जमीनी स्तर तक पहुंचे।
🟠ग्रामीण रोजगार बढ़ाने पर जोर, एक सप्ताह में मांगी प्रगति रिपोर्ट
कलेक्टर चंदन संजय त्रिपाठी ने वीबी-जी राम जी के, अंतर्गत ग्रामीण परिवारों को अधिकाधिक जोड़ने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा,कि ग्रामीण रोजगार को केवल कल्याणकारी योजना तक सीमित न रखकर उसे गांवों के समग्र विकास और टिकाऊ परिसंपत्तियों के निर्माण से जोड़ने की जरूरत हैं।उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि गांवों में विशेष शिविर और बैठकें आयोजित कर ग्रामीणों को योजना के लाभों की जानकारी दी जाए। मैदानी अमला और नोडल अधिकारी घर-घर पहुंचकर लोगों को योजना से जोड़ने का प्रयास करें। ग्राम पंचायत स्तर पर स्थानीय संसाधनों और जरूरतों के अनुरूप ऐसे कार्यों के प्रस्ताव तैयार किए जाएं,जिनसे युवाओं, महिलाओं और श्रमिकों को रोजगार के अवसर मिल सकें।कलेक्टर ने प्रत्येक ग्राम पंचायत में सक्रिय श्रमिकों की संख्या की जानकारी लेते हुए,जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों (सीईओ) को एक सप्ताह के भीतर प्रगति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया,कि काम में लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों का वेतन रोका जा सकता हैं।विकासखंड स्तर पर योजनाओं की गति बढ़ाने के लिए जिला पंचायत सीईओ को नियमित मॉनिटरिंग और भौतिक निरीक्षण करने को कहा गया। प्रशासन का जोर हैं,कि ग्रामीणों को रोजगार से जोड़ने के साथ गांवों में विकास कार्यों को भी गति मिले।
🟠किसानों के लिए राहत: जिले में खुलेंगे पांच नए धान खरीदी केंद्र
आगामी धान खरीदी को देखते हुए कलेक्टर ने संबंधित विभागों को सभी आवश्यक व्यवस्थाएं समय रहते पूरी करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा,कि खरीदी शुरू होने से पहले प्रत्येक केंद्र की स्थिति का आकलन किया जाए, ताकि किसानों को अपनी उपज बेचने के दौरान अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े।जिले में पांच नए धान उपार्जन केंद्र स्थापित किए जाएंगे। जारी आदेश के अनुसार इन केंद्रों के लिए निम्नलिखित स्थान निर्धारित किए गए हैं:
🔸️सिहार — शंकरगढ़ विकासखंड
🔸️परसागुड़ी — राजपुर विकासखंड
🔸️लिलौटी — बलरामपुर विकासखंड
🔸️चेरा — रामचंद्रपुर विकासखंड
🔸️पचावल — रामचंद्रपुर विकासखंड
कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को नए केंद्रों से जुड़े आवश्यक कार्य जल्द पूरा कराने के निर्देश दिए। नए केंद्र शुरू होने से संबंधित क्षेत्रों के किसानों को धान उपार्जन की सुविधा अपने आसपास उपलब्ध कराने में मदद मिल सकती हैं। इससे उपज बेचने के लिए दूर जाने की जरूरत कम होने और खरीदी व्यवस्था को अधिक सुविधाजनक बनाने की उम्मीद हैं।हालांकि, किसानों को इन केंद्रों की वास्तविक संचालन तिथि और खरीदी संबंधी दिशा-निर्देशों के लिए प्रशासन की ओर से जारी आधिकारिक सूचना का पालन करना होगा।
🟠14 से 16 अक्टूबर तक लगेंगे विशेष आधार शिविर
जिला प्रशासन की ओर से आधार कार्ड बनवाने और उसमें आवश्यक अद्यतन कराने की सुविधा उपलब्ध कराने के लिए,तीन दिवसीय विशेष आधार शिविर आयोजित किए जाएंगे। कलेक्टर ने इन शिविरों का व्यापक प्रचार-प्रसार करने और ग्रामीण क्षेत्रों में मुनादी कराने के निर्देश दिए, ताकि अधिक से अधिक पात्र हितग्राही इसका लाभ उठा सकें।कलेक्टर ने जनपद पंचायत सीईओ के साथ शिक्षा, स्वास्थ्य, महिला एवं बाल विकास,समाज कल्याण और श्रम विभाग सहित अन्य विभागों को निर्देश दिए,कि वे अपने-अपने विभाग के पात्र हितग्राहियों को शिविर तक पहुंचाने में सहयोग करें।विशेष आधार शिविरों का उद्देश्य लोगों को आधार संबंधी सेवाओं के लिए सुविधा उपलब्ध कराना हैं। प्रशासन ने संबंधित अधिकारियों से कहा,कि शिविरों की जानकारी गांव-गांव तक पहुंचाई जाए, ताकि निर्धारित तिथियों पर लोग समय से पहुंचकर सेवाओं का लाभ ले सकें।
🟠प्रधानमंत्री आवास और स्कूल जतन योजना के कार्य जल्द पूरे करने के निर्देश
बैठक में निर्माण कार्यों की समीक्षा करते हुए,कलेक्टर ने प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के अंतर्गत प्रगतिरत आवासों को तेजी से पूरा कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा,कि पात्र हितग्राहियों के आवास निर्माण में अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए और संबंधित अधिकारी नियमित रूप से प्रगति की समीक्षा करें।मुख्यमंत्री स्कूल जतन योजना के तहत निर्माणाधीन अतिरिक्त कक्षों को भी शीघ्र पूरा कराने पर जोर दिया गया। स्कूलों में अतिरिक्त कक्षों का निर्माण विद्यार्थियों के लिए पर्याप्त शैक्षणिक स्थान उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण हैं।
पीएम सूर्य घर योजना के अंतर्गत सोलर दीदियों का संबंधित वेंडरों के साथ बेहतर समन्वय स्थापित कराने के निर्देश भी दिए गए। कलेक्टर ने कहा,कि जिन निर्माण कार्यों की पूर्व निर्धारित समय-सीमा समाप्त हो चुकी हैं, उनके लिए नई समय-सीमा तय की जाए और उसी के अनुरूप काम पूरा कराया जाए।उन्होंने सभी कार्यालय प्रमुखों को अपने अधीनस्थ कर्मचारियों के कार्यों की नियमित समीक्षा करने और योजनाओं की वास्तविक प्रगति की जानकारी रखने के निर्देश दिए।
🟠लंबित राजस्व प्रकरणों का समय-सीमा में हो निराकरण
समय-सीमा की बैठक में राजस्व विभाग के कामकाज की भी विस्तार से समीक्षा की गई। कलेक्टर ने अनुविभाग और तहसीलवार लंबित प्रकरणों की जानकारी लेते हुए, अधिकारियों को उनके शीघ्र निराकरण के निर्देश दिए।समीक्षा में अवैध अतिक्रमण, विवादित एवं अविवादित नामांतरण, खाता विभाजन और अभिलेखों में त्रुटि सुधार से जुड़े मामलों पर चर्चा हुई। कलेक्टर ने कहा,कि इन प्रकरणों का निराकरण निर्धारित समय-सीमा में किया जाए, ताकि नागरिकों को बार-बार कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें।राजस्व मामलों के समय पर निपटारे से भूमि संबंधी रिकॉर्ड दुरुस्त रखने और आम नागरिकों की समस्याओं को कम करने में मदद मिल सकती हैं। इसके लिए संबंधित अधिकारियों को लंबित मामलों की नियमित समीक्षा करने और प्राथमिकता के आधार पर निराकरण सुनिश्चित करने को कहा गया।
🟠विभागों के बीच समन्वय और जवाबदेही पर प्रशासन का फोकस
बैठक में कलेक्टर ने दोहराया,कि शासकीय योजनाओं की सफलता के लिए केवल लक्ष्य निर्धारित करना पर्याप्त नहीं हैं,बल्कि उनकी नियमित निगरानी और समय पर क्रियान्वयन भी जरूरी हैं। ग्रामीण रोजगार, धान खरीदी, आधार शिविर, आवास निर्माण, स्कूलों के अतिरिक्त कक्ष और राजस्व प्रकरणों जैसे विषयों पर अधिकारियों को जिम्मेदारी के साथ काम करने के निर्देश दिए गए।उन्होंने अधिकारियों से कहा,कि वे योजनाओं की जमीनी स्थिति का आकलन करें और जहां प्रगति धीमी हैं,वहां तत्काल आवश्यक कदम उठाएं। प्रशासन की प्राथमिकता हैं,कि किसानों, श्रमिकों और अन्य पात्र हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ समय पर मिले।बैठक में जिला पंचायत सीईओ डॉ. आशुतोष चतुर्वेदी, अपर कलेक्टर आर.एस. लाल, अनिल कुमार सिदार, बालेश्वर राम, सभी एसडीएम और जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।












