संदिली सिंह,रायपुर,छत्तीसगढ़,22नवंबर2025,विशेष रिपोर्ट-Nexis News
आवास एवं पर्यावरण मंत्री ओपी चौधरी के निर्देशन में, छत्तीसगढ़ पर्यावरण संरक्षण मंडल, क्षेत्रीय कार्यालय बिलासपुर द्वारा भारत सरकार की महत्वपूर्ण पहल “सर्कुलर ईकोनॉमी एवं वेस्ट मैनेजमेंट (Waste to Wealth)” विषय पर एक दिवसीय संभाग स्तरीय कार्यशाला का आयोजन डॉ. ए. पी. जे. अब्दुल कलाम प्लेनेटेरियम, व्यापार विहार, बिलासपुर में किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता मंडल के सदस्य सचिव आर. अगसिमनी ने की।कार्यक्रम की रूपरेखा वरिष्ठ वैज्ञानिक अधिकारी डॉ. सुरेश चंद ने प्रस्तुत की,जबकि स्वागत उद्बोधन क्षेत्रीय अधिकारी रश्मि श्रीवास्तव ने दिया। कार्यशाला में सर्कुलर ईकोनॉमी और वेस्ट मैनेजमेंट के विभिन्न आयामों पर विस्तार से चर्चा की गई।
मंडल मुख्यालय रायपुर के मुख्य रसायनज्ञ राजेन्द्र प्रसाद वासुदेव ने उपस्थित उद्योग प्रतिनिधियों को वेस्ट टू वेल्थ, ईपीआर (Extended Producer Responsibility) तथा इसके उद्योगों को मिलने वाले लाभों के बारे में विस्तृत जानकारी दी। वहीं मंडल बिलासपुर के मुख्य रसायनज्ञ सूरज कुमार धुर्वे ने फ्लाई ऐश मैनेजमेंट, MOEF की अधिसूचनाओं और दिशानिर्देशों पर उपयोगी जानकारी साझा की।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में ई-वेस्ट, बैटरी वेस्ट, प्लास्टिक वेस्ट, टायर वेस्ट तथा यूज़्ड ऑयल रिसायकलर शामिल हुए। छत्तीसगढ़ में स्थापित एकमात्र TSDF मेसर्स केसदा वेस्ट मैनेजमेंट द्वारा AFR तकनीक की जानकारी प्रदान की गई। साथ ही श्री राहुल झा ने ई-वेस्ट रिसाइक्लिंग और क्रिटिकल मिनरल रिकवरी विषय पर प्रस्तुति दी।एनटीपीसी सीपत के पंकज शर्मा और एनटीपीसी लारा, रायगढ़ के डॉ. सुधीर दहिया ने फ्लाई ऐश के पर्यावरण-अनुकूल उपयोग, उसके लाभ और उपलब्धियों को साझा किया।
कार्यशाला के समापन पर सदस्य सचिव आर. अगसिमनी ने उद्योगों की सक्रिय सहभागिता की सराहना करते हुए कहा,कि मंडल सर्कुलर ईकोनॉमी और ईपीआर से जुड़े औद्योगिक आवेदनों के त्वरित निपटान को सुनिश्चित करेगा, जिससे उद्योगों को अधिकतम लाभ मिल सके।












