संदिली सिंह,रायपुर,छत्तीसगढ़,29जनवरी2026/विशेष रिपोर्ट-Nexis News
कभी देश के सबसे दुर्गम और नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में शामिल रहा अबूझमाड़ अब शांति,विश्वास और विकास की नई राह पर तेजी से अग्रसर हैं। दशकों तक माओवादी हिंसा के साये में रहे इस अंचल को मुख्यधारा से जोड़ने के लिए राज्य सरकार लगातार प्रयास कर रही हैं। इन्हीं प्रयासों का सशक्त प्रतीक बनकर अबूझमाड़ पीस हाफ मैराथन 2026 सामने आई हैं।
नारायणपुर से बासिंग तक आयोजित 21 किलोमीटर की यह हाफ मैराथन केवल एक खेल आयोजन नहीं, बल्कि शांति, एकता और सौहार्द का सशक्त संदेश देने वाला अभियान हैं। इसके माध्यम से उन दूरस्थ इलाकों तक सकारात्मक संदेश पहुंच रहा हैं,जो लंबे समय तक विकास और सरकारी योजनाओं से वंचित रहे। आयोजन में अबूझमाड़िया जनजाति सहित स्थानीय समुदाय की सक्रिय भागीदारी इसे और अधिक प्रभावी बना रही हैं।
31 जनवरी 2026 की सुबह माननीय मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय स्वयं अबूझमाड़ पीस हाफ मैराथन में शामिल होंगे। कार्यक्रम की शुरुआत जुंबा गतिविधि से होगी, जिसके पश्चात प्रातः 6.30 बजे मुख्यमंत्री द्वारा मैराथन को फ्लैग-ऑफ किया जाएगा। इसके बाद मुख्यमंत्री रामकृष्ण आश्रम पहुंचकर आश्रम के बच्चों के साथ नाश्ता करेंगे। मुख्यमंत्री की सहभागिता से यह स्पष्ट संदेश जाएगा कि राज्य सरकार अबूझमाड़ क्षेत्र में स्थायी शांति और सर्वांगीण विकास के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं।
अबूझमाड़ पीस मैराथन 2026 को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर व्यापक सहभागिता प्राप्त हुई हैं। आयोजन में 6500 से अधिक धावकों ने पंजीयन कराया हैं,जिनमें 100 से अधिक अंतरराष्ट्रीय धावक, अन्य राज्यों से 500 से अधिक, छत्तीसगढ़ राज्य से लगभग 6000 तथा नारायणपुर जिले से 4000 से अधिक धावक शामिल हैं। इसके अतिरिक्त क्वाड रन में 12 धावकों ने भी भाग लिया हैं।यह मैराथन युवाओं को खेल और फिटनेस से जोड़ने के साथ-साथ पर्यटन को बढ़ावा देने, स्थानीय संस्कृति को वैश्विक पहचान दिलाने और नक्सल प्रभावित क्षेत्र में शांति एवं विकास के नए युग की शुरुआत का प्रतीक बन रही हैं।












