संदिली सिंह,रायपुर,छत्तीसगढ़,15जुलाई2026
छत्तीसगढ़ के प्रतिष्ठित हिदायतुल्लाह राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय (HNLU), रायपुर ने,अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बड़ी उपलब्धि हासिल करते हुए,थाईलैंड की राजधानी बैंकॉक में आयोजित वैश्विक शिखर सम्मेलन के दौरान, 20 अंतरराष्ट्रीय विश्वविद्यालयों के साथ ऐतिहासिक बहुपक्षीय समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए हैं। इस समझौते के जरिए उच्च शिक्षा, अनुसंधान, नवाचार और छात्र-शिक्षक विनिमय के क्षेत्र में वैश्विक सहयोग को नई दिशा मिलेगी।
🟠बैंकॉक में दुनिया के शिक्षाविदों के बीच चमका HNLU
यह ऐतिहासिक समझौता 9-10 जुलाई 2026 को, बैंकॉक के आईकॉनसियाम कन्वेंशन सेंटर में आयोजित AUAP-WURI Impact Summit 2026 के दौरान हुआ। सम्मेलन में दक्षिण एशिया, दक्षिण-पूर्व एशिया और संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के 20 प्रतिष्ठित विश्वविद्यालयों के कुलपति, नीति-निर्माता, शिक्षा विशेषज्ञ और शोधकर्ता शामिल हुए।
🟠HNLU के ‘R-HaS’ मॉडल की वैश्विक सराहना
सम्मेलन में HNLU का प्रतिनिधित्व करते हुए,कुलपति प्रो. (डॉ.) वी.सी. विवेकानन्दन ने विश्वविद्यालय के अभिनव Research Hub and Spoke (R-HaS) Model को प्रस्तुत किया। उन्होंने बताया,कि यह मॉडल अंतर्विषयी अनुसंधान, बाह्य वित्तपोषित शोध परियोजनाओं और समाजोपयोगी शोध को बढ़ावा देने के लिए विकसित किया गया हैं। उनकी प्रस्तुति को अंतरराष्ट्रीय विशेषज्ञों ने खूब सराहा।
🟠इन क्षेत्रों में मिलकर करेंगे काम
इस बहुपक्षीय समझौते के तहत सभी 20 विश्वविद्यालय मिलकर—
🔸️वैश्विक स्तर की शोध एवं नवाचार परियोजनाएं संचालित करेंगे।
🔸️फैकल्टी, शोधार्थियों और विद्यार्थियों के एक्सचेंज प्रोग्राम चलाएंगे।
🔸️स्टार्टअप और इनोवेशन इकोसिस्टम को बढ़ावा देंगे।
🔸️अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन, कार्यशालाएं और केस स्टडी विकसित करेंगे।
🔸️सतत विकास और सामाजिक प्रभाव वाले शोध कार्यों को प्रोत्साहित करेंगे।
🟠कुलपति बोले- यह HNLU के लिए मील का पत्थर
कुलपति प्रो. विवेकानन्दन ने कहा,कि यह समझौता HNLU के अंतरराष्ट्रीय शैक्षणिक सहयोग को नई ऊंचाई देगा। उन्होंने बताया,कि सम्मेलन के दौरान AUAP के महासचिव प्रो. डॉ. अनूप स्वरूप और कार्यकारी सचिव डॉ. सुपापोर्न चुआंगचिद के साथ संयुक्त शोध, छात्र एवं फैकल्टी एक्सचेंज और भविष्य की साझेदारियों पर भी महत्वपूर्ण चर्चा हुई।
🟠वैश्विक मंच पर बढ़ी छत्तीसगढ़ की प्रतिष्ठा
इस उपलब्धि के साथ HNLU ने न केवल छत्तीसगढ़ बल्कि पूरे भारत की उच्च शिक्षा और विधि शिक्षा को अंतरराष्ट्रीय मंच पर नई पहचान दिलाई हैं। विश्वविद्यालय का उद्देश्य वैश्विक साझेदारी के माध्यम से अनुसंधान, नवाचार और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा को और मजबूत बनाना हैं।












