अर्पित तिवारी,बलरामपुर,छत्तीसगढ़,30जुलाई 2026
बलरामपुर-रामानुजगंज जिले में घुमंतू एवं निराश्रित पशुओं के संरक्षण और बेहतर प्रबंधन को लेकर जिला प्रशासन ने,गौधाम योजना को प्रभावी बनाने की दिशा में अहम पहल की हैं। संयुक्त जिला कार्यालय के सभाकक्ष में आयोजित जिला स्तरीय गौधाम समिति की बैठक में योजना के क्रियान्वयन,गौधामों के संचालन, पंजीयन, निरीक्षण और जनजागरूकता जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई।बैठक में जिला पंचायत अध्यक्ष हीरामुनी निकुंज, जिला स्तरीय गौधाम समिति एवं गौ सेवा आयोग के अध्यक्ष आशीष केशरी, कलेक्टर चंदन संजय त्रिपाठी, जिला पंचायत सीईओ डॉ. आशुतोष चतुर्वेदी सहित समिति के सदस्य और संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
🟠गौधामों की स्थिति और संचालन की हुई समीक्षा
बैठक में जिले के पंजीकृत एवं स्वीकृत गौधामों की वर्तमान स्थिति की समीक्षा करते हुए,उनके संचालन, पंजीयन और व्यवस्थाओं की जानकारी ली गई। अधिकारियों ने गौधामों में उपलब्ध सुविधाओं और योजना की प्रगति से संबंधित जानकारी प्रस्तुत की।
🟠योजना का व्यापक प्रचार-प्रसार जरूरी
जिला पंचायत अध्यक्ष हीरामुनी निकुंज ने कहा,कि शासन की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों की साझा जिम्मेदारी हैं। उन्होंने गौधाम योजना के व्यापक प्रचार-प्रसार पर जोर देते हुए अधिक से अधिक लोगों को इससे जोड़ने की आवश्यकता बताई।
🟠बेसहारा पशुओं को सुरक्षित आश्रय देना प्राथमिकता
गौ सेवा आयोग के अध्यक्ष आशीष केशरी ने कहा,कि गौधाम योजना राज्य सरकार की महत्वपूर्ण पहल हैं। इसका उद्देश्य बेसहारा और घुमंतू पशुओं को सुरक्षित आश्रय उपलब्ध कराना तथा उनके संरक्षण को बढ़ावा देना हैं। उन्होंने कहा,कि सभी विभागों के समन्वय से योजना को प्रभावी ढंग से लागू करना आवश्यक हैं, ताकि अधिक से अधिक हितग्राही इसका लाभ उठा सकें।
🟠पेयजल, चारा और साफ-सफाई पर विशेष ध्यान देने के निर्देश
कलेक्टर चंदन संजय त्रिपाठी ने विकासखंड स्तरीय समितियों को गौधामों का नियमित निरीक्षण करने के निर्देश दिए। उन्होंने संबंधित विभागों से कहा कि गौधामों में पेयजल, चारा, स्वच्छता और अन्य आवश्यक सुविधाएं हर हाल में सुनिश्चित की जाएं।कलेक्टर ने यह भी निर्देश दिए,कि योजना के बारे में ग्रामीणों को अधिक से अधिक जानकारी दी जाए। इसके लिए मोबाइल वेटनरी यूनिट के माध्यम से भी आवेदन प्रक्रिया और योजना की जानकारी गांव-गांव तक पहुंचाई जाए।
🟠ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मिलेगी मजबूती
बैठक में बताया गया,कि राज्य सरकार द्वारा शुरू की गई गौधाम योजना का उद्देश्य केवल निराश्रित पशुओं को आश्रय देना ही नहीं, बल्कि उनके संरक्षण के माध्यम से ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी सशक्त बनाना हैं। राज्य सरकार इस दिशा में लगातार प्रयास कर रही हैं।बैठक में उप संचालक पशु चिकित्सा विभाग डॉ. शिशिर कांत सहित संबंधित विभागों के अधिकारी भी उपस्थित रहे और योजना को और प्रभावी बनाने के लिए अपने सुझाव साझा किए।












