Nexis News

नाबालिग बालिका को बहला-फुसलाकर भगाने और दुष्कर्म के मामले में आरोपी को 20 साल की कठोर सजा

न्यूज डेस्क,जशपुर,छत्तीसगढ़,10अगस्त2026

नाबालिग बालिका को बहला-फुसलाकर भगाकर ले जाने और दुष्कर्म के मामले में,विशेष न्यायालय (एससी/एसटी एवं पॉक्सो),कुनकुरी ने आरोपी को 20 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई हैं। न्यायालय ने आरोपी सन्नु चौहान उर्फ सोनू चौहान, उम्र 32 वर्ष को दोषी ठहराते हुए धारा 6 पॉक्सो एक्ट के तहत 20 वर्ष तथा धारा 137(2) बीएनएस के तहत 5 वर्ष कठोर कारावास और अर्थदंड की सजा सुनाई। दोनों सजाएं साथ-साथ भुगताई जाएंगी।

🟠मेले से नाबालिग को बहला-फुसलाकर ले गया था आरोपी

मामला वर्ष 2025 का है। 30 जून 2025 को नाबालिग बालिका के पिता ने चौकी कोल्हेनझरिया, थाना तुमला में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया, कि उनकी 14 वर्षीय बेटी अपनी छोटी बहन के साथ रथ मेला देखने गई थी,लेकिन वापस घर नहीं लौटी।परिजनों को बाद में जानकारी मिली,कि आरोपी सन्नु चौहान उर्फ सोनू चौहान नाबालिग को बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया हैं। आरोपी द्वारा नाबालिग की छोटी बहन को धमकी दिए जाने के कारण उसने तत्काल घटना की जानकारी परिजनों को नहीं दी थी।

🟠पुलिस ने एक दिन बाद नाबालिग को किया बरामद

रिपोर्ट दर्ज होने के बाद पुलिस ने तत्काल कार्रवाई शुरू की। पुलिस टीम ने 1 जुलाई 2025 को नाबालिग बालिका को आरोपी के कब्जे से बरामद कर लिया। महिला पुलिस अधिकारी के समक्ष पीड़िता का कथन दर्ज किया गया,जिसमें उसने आरोपी द्वारा प्यार और शादी का झांसा देकर अपने साथ ले जाने तथा दुष्कर्म करने की जानकारी दी।पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर आवश्यक साक्ष्य जुटाए,गवाहों के बयान दर्ज किए और जब्त सामग्री को वैज्ञानिक परीक्षण के लिए एफएसएल भेजा। विवेचना पूरी होने के बाद आरोपी के खिलाफ न्यायालय में अभियोग पत्र प्रस्तुत किया गया।

🟠पुलिस की विवेचना और अभियोजन की प्रभावी पैरवी

मामले में तत्कालीन चौकी प्रभारी कोल्हेनझरिया स.उ.नि. टेकराम सारथी एवं उप पुलिस अधीक्षक अजाक भावेश कुमार समरथ द्वारा कुशल विवेचना, वैज्ञानिक साक्ष्य संकलन एवं आवश्यक दस्तावेज जुटाए गए। वहीं लोक अभियोजक भरत राम यादव ने, न्यायालय में प्रभावी पैरवी की।इन साक्ष्यों और अभियोजन की मजबूत पैरवी के आधार पर माननीय भानु प्रताप सिंह, विशेष न्यायाधीश (एससी/एसटी एवं पॉक्सो), कुनकुरी ने आरोपी को दोषी ठहराते हुए सजा सुनाई।

🟠दोनों सजाएं साथ-साथ भुगताई जाएंगी

न्यायालय ने धारा 137(2) बीएनएस के तहत 5 वर्ष कठोर कारावास एवं 1,000 रुपये अर्थदंड तथा धारा 6 पॉक्सो एक्ट के तहत 20 वर्ष कठोर कारावास एवं 1,000 रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई हैं। दोनों सजाएं साथ-साथ भुगताई जाएंगी। अर्थदंड जमा नहीं करने की स्थिति में अतिरिक्त कारावास का प्रावधान भी किया गया हैं।जशपुर पुलिस ने कहा कि नाबालिग बच्चों एवं महिलाओं के विरुद्ध होने वाले अपराधों में, त्वरित कार्रवाई, प्रभावी विवेचना, वैज्ञानिक साक्ष्य संकलन और मजबूत अभियोजन के माध्यम से आरोपियों को कठोर सजा दिलाने की कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।

Leave a Comment

यह भी पढ़ें

error: Content is protected !!