अर्पित तिवारी,बलरामपुर,छत्तीसगढ़,6अक्टूबर2026
बलरामपुर जिले के रामानुजगंज क्षेत्र स्थित विजयनगर हाई स्कूल में,मंगलवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई,जब अचानक मधुमक्खियों के झुंड ने स्कूल परिसर में मौजूद छात्र-छात्राओं पर हमला कर दिया। घटना के समय बच्चे ड्राइंग बनाने की गतिविधि में शामिल थे। अचानक हुए हमले से बच्चों में चीख-पुकार मच गई और स्कूल परिसर में कुछ देर के लिए भगदड़ जैसी स्थिति बन गई।जानकारी के अनुसार,मधुमक्खियों के हमले में करीब 9 से 10 छात्र-छात्राओं के साथ एक शिक्षक के भी घायल होने की जानकारी सामने आई हैं। घटना के बाद स्कूल प्रबंधन और आसपास मौजूद लोगों ने प्रभावित बच्चों को तत्काल सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया और उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रामानुजगंज भेजा।
🟠ड्राइंग बनाते समय अचानक हुआ मधुमक्खियों का हमला
बताया जा रहा हैं,कि स्कूल में छात्र-छात्राएं ड्राइंग बनाने की गतिविधि में व्यस्त थे। इसी दौरान अचानक मधुमक्खियों का झुंड वहां पहुंच गया और बच्चों पर हमला कर दिया। कुछ ही देर में कई बच्चों को मधुमक्खियों ने काट लिया।अचानक हुए हमले से बच्चे घबरा गए और अपनी जान बचाने के लिए सुरक्षित स्थान की ओर भागने लगे। शिक्षकों और स्कूल स्टाफ ने स्थिति को संभालते हुए, प्रभावित बच्चों को वहां से हटाया।
🟠CHC रामानुजगंज में कराया गया प्राथमिक उपचार
घटना के बाद सभी प्रभावित बच्चों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रामानुजगंज ले जाया गया। यहां चिकित्सकों ने बच्चों की जांच कर प्राथमिक उपचार शुरू किया।प्राथमिक उपचार के बाद चार छात्राओं को उनकी स्थिति को देखते हुए,बलरामपुर जिला अस्पताल रेफर किया गया। अन्य प्रभावित बच्चों का भी चिकित्सकीय परीक्षण और उपचार किया गया।
🟠जिला अस्पताल में शुरू हुआ उपचार
घटना की जानकारी मिलने के बाद जिला चिकित्सालय के, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी तत्काल बलरामपुर जिला अस्पताल पहुंचे। रेफर किए गए बच्चों का चिकित्सकों की निगरानी में उपचार शुरू किया गया।जिला अस्पताल के चिकित्सकों के अनुसार फिलहाल प्रभावित बच्चों की स्थिति सामान्य और खतरे से बाहर बताई जा रही हैं। बच्चों की स्वास्थ्य स्थिति पर चिकित्सकों द्वारा निगरानी रखी जा रही है।
🟠स्कूल प्रबंधन भी हुआ सतर्क
मधुमक्खियों के अचानक हमले की घटना के बाद स्कूल परिसर की सुरक्षा को लेकर भी सतर्कता बरती जा रही हैं। ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो, इसके लिए स्कूल परिसर में संभावित खतरे वाले स्थानों की पहचान और आवश्यक सावधानी बरतना महत्वपूर्ण माना जा रहा हैं।घटना ने स्कूलों में बच्चों की सुरक्षा और परिसर की नियमित निगरानी की जरूरत को भी सामने ला दिया हैं। खासकर पेड़ों, छतों या अन्य स्थानों पर मधुमक्खियों के छत्ते होने की स्थिति में समय रहते सावधानी बरतना जरूरी हैं।
🟠फिलहाल सभी बच्चे खतरे से बाहर
मधुमक्खियों के हमले के बाद कुछ समय के लिए स्कूल में दहशत का माहौल रहा,लेकिन प्रभावित बच्चों को तत्काल चिकित्सा सुविधा मिलने से स्थिति को संभाल लिया गया। फिलहाल चिकित्सकों के अनुसार बच्चों की हालत सामान्य हैं,और सभी खतरे से बाहर बताए जा रहे हैं।












