संदिली सिंह,रायपुर,छत्तीसगढ़,24जनवरी2026/विशेष रिपोर्ट-Nexis News
रायपुर साहित्य उत्सव के पहले दिन ओपन माइक मंच पर चार सत्र आयोजित किए गए, जिसमें 75 से अधिक प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया। यह मंच विशेष रूप से प्रदेश के लब्ध प्रतिष्ठित कवि पद्मश्री स्वर्गीय सुरेन्द्र दुबे जी को समर्पित था। प्रतिभागियों ने कविता, कहानी, गायन, वादन, सामूहिक नृत्य और शास्त्रीय नृत्य जैसी विविध विधाओं में अपनी कला का प्रदर्शन किया।
सत्र में छत्तीसगढ़ के साथ-साथ पड़ोसी राज्यों के प्रतिभागियों ने भी उत्साहपूर्वक भाग लिया। बाँसुरी, गिटार और वायलिन वादन ने वातावरण को संगीतमय बना दिया, वहीं नन्ही नृत्यांगनाओं की मनमोहक प्रस्तुतियों ने दर्शकों का मन मोह लिया। सरगुजा से लेकर बस्तर तक के युवा कवियों और ग़ज़लकारों ने अपनी रचनाओं से श्रोताओं को मंत्रमुग्ध किया।
कार्यक्रम के समापन पर प्रतिभागियों को अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष अमरजीत सिंह छाबड़ा, महंत कॉलेज के प्राचार्य देवाशीष महंत, और संयुक्त संचालक, जनसंपर्क इस्मत जहाँ दानी द्वारा प्रमाण पत्र प्रदान किए गए।ओपन माइक सत्र ने न केवल नवोदित प्रतिभाओं को मंच प्रदान किया, बल्कि साहित्य, कला और संस्कृति के प्रति युवाओं के उत्साह और रचनात्मक ऊर्जा को भी उजागर किया।












