न्यूज डेस्क,जशपुर,छत्तीसगढ़,10जुलाई 2026
अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट के बावजूद,देश में पेट्रोल-डीजल की ऊंची कीमतों को लेकर कांग्रेस नेता विनयशील ने केंद्र की मोदी सरकार और छत्तीसगढ़ की साय सरकार पर तीखा हमला बोला हैं। उन्होंने आरोप लगाया,कि सरकारें टैक्स के जरिए आम जनता पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ डाल रही हैं और सस्ते कच्चे तेल का लाभ उपभोक्ताओं तक नहीं पहुंचाया जा रहा।विनयशील ने कहा,कि वर्तमान में अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमत 68 से 74 डॉलर प्रति बैरल के बीच हैं,जबकि देश के कई हिस्सों में पेट्रोल 102 से 115 रुपये और डीजल 98 से 105 रुपये प्रति लीटर तक बिक रहा हैं। उनका दावा हैं,कि वर्ष 2022 में जब कच्चे तेल की कीमत करीब 119 डॉलर प्रति बैरल थी, तब भी पेट्रोल-डीजल की कीमतें वर्तमान से कम थीं।
🟠टैक्स के नाम पर जनता पर बोझ का आरोप
कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया,कि केंद्र सरकार एक्साइज ड्यूटी में कमी नहीं कर रही, जबकि राज्य सरकार भी वैट घटाने को तैयार नहीं हैं। उन्होंने दावा किया,कि तेल कंपनियां प्रति लीटर अच्छा-खासा मुनाफा कमा रही हैं, लेकिन आम उपभोक्ताओं को राहत नहीं मिल रही।
🟠महंगाई से आम जनता और किसान प्रभावित
विनयशील ने कहा,कि पेट्रोल-डीजल की बढ़ी कीमतों का सीधा असर महंगाई पर पड़ रहा हैं। रसोई गैस, सब्जियां, दाल, आटा, दूध समेत दैनिक उपयोग की वस्तुएं महंगी हो गई हैं। वहीं डीजल की ऊंची कीमतों से खेती, सिंचाई, परिवहन और उत्पादन लागत बढ़ने से किसानों पर भी अतिरिक्त आर्थिक दबाव पड़ रहा हैं।
🟠सरकार से की ये मांग
कांग्रेस नेता ने केंद्र और राज्य सरकार से पेट्रोल-डीजल पर एक्साइज ड्यूटी और वैट में कमी, तेल कंपनियों की कथित मुनाफाखोरी पर रोक लगाने और आम जनता को महंगाई से राहत देने की मांग की। उन्होंने कहा कि यदि सरकार जनता की समस्याओं पर ध्यान नहीं देगी, तो जनता इसका जवाब लोकतांत्रिक तरीके से देगी।











