संदिली सिंह,रायपुर,छत्तीसगढ़,14जुलाई 2026
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में वनवासी एवं तेन्दूपत्ता संग्राहक परिवारों के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम उठाया गया हैं। गौरेला-पेंड्रा-मरवाही (GPM) जिले के मरवाही वनमंडल अंतर्गत पेण्ड्रारोड जिला लघु वनोपज सहकारी संघ के माध्यम से वर्ष 2023 के तेन्दूपत्ता संग्रहण का प्रोत्साहन पारिश्रमिक (बोनस) ऑनलाइन हितग्राहियों के बैंक खातों में हस्तांतरित किया गया।इस अभियान के तहत 9 प्राथमिक लघु वनोपज सहकारी समितियों से जुड़े 10,160 तेन्दूपत्ता संग्राहकों के खातों में 1 करोड़ 39 लाख 36 हजार 718 रुपये की बोनस राशि एमएफपी कलेक्शन एंड पेमेंट सिस्टम के माध्यम से सीधे ट्रांसफर की गई। डिजिटल भुगतान व्यवस्था से पूरी प्रक्रिया पारदर्शी रही और हितग्राहियों को बिना किसी बिचौलिये के समय पर राशि प्राप्त हुई।
वन विभाग के अनुसार वर्ष 2023 में जिले में 6,593 मानक बोरा तेन्दूपत्ता संग्रहित किया गया था। संग्रहण पारिश्रमिक का भुगतान पहले ही 4,000 रुपये प्रति मानक बोरा की दर से किया जा चुका था,जबकि अब बोनस राशि मिलने से संग्राहकों को अतिरिक्त आर्थिक लाभ मिला हैं।वनमंडल अधिकारी एवं पदेन प्रबंध संचालक ग्रीष्मी चांद के मार्गदर्शन में संचालित इस पहल से हजारों वनवासी परिवारों को राहत मिली हैं। बोनस राशि का उपयोग हितग्राही कृषि कार्य, बच्चों की शिक्षा, स्वास्थ्य और अन्य घरेलू जरूरतों को पूरा करने में कर सकेंगे।राज्य सरकार का कहना हैं,कि वनवासी समुदायों की आय बढ़ाने, लघु वनोपज आधारित अर्थव्यवस्था को मजबूत करने और योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने के लिए इस तरह की पारदर्शी व्यवस्था आगे भी जारी रहेगी।












