संदिली सिंह,रायपुर,छत्तीसगढ़,28जुलाई2026
छत्तीसगढ़ में खेलों के विकास को नई दिशा देने की पहल के तहत मंगलवार को राजधानी रायपुर में,पहली बार राज्य स्तरीय स्पोर्ट्स कॉन्क्लेव का आयोजन हुआ। खेल एवं युवा कल्याण विभाग द्वारा आयोजित इस ऐतिहासिक कॉन्क्लेव का शुभारंभ उप मुख्यमंत्री एवं खेल मंत्री अरुण साव ने किया। कॉन्क्लेव में देशभर के खेल प्रशासक, स्पोर्ट्स साइंटिस्ट, ओलंपियन, अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी, खेल विशेषज्ञ और खेल संघों के प्रतिनिधि शामिल होकर राज्य में विश्वस्तरीय खेल इको-सिस्टम तैयार करने के रोडमैप पर मंथन कर रहे हैं।
🟠खेलों से बनेगा समर्थ और विकसित छत्तीसगढ़
उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने कहा,कि खेल केवल पदक जीतने का माध्यम नहीं, बल्कि विकसित और आत्मनिर्भर छत्तीसगढ़ की मजबूत नींव हैं। खेलों के माध्यम से युवाओं को अपनी प्रतिभा निखारने का अवसर मिलेगा,उनका व्यक्तित्व विकसित होगा और वे प्रदेश की ताकत बनेंगे।उन्होंने कहा,कि राज्य सरकार खिलाड़ियों, प्रशिक्षकों और खेल संघों को हरसंभव सहयोग देने के लिए प्रतिबद्ध हैं। प्रदेश में उपलब्ध खेल अधोसंरचना का बेहतर उपयोग सुनिश्चित करने के साथ नई सुविधाओं का भी तेजी से विकास किया जा रहा हैं।
🟠’विजन टू विक्ट्री’ के साथ तैयार होगा नया रोडमैप
‘Vision to Victory’ थीम पर आयोजित इस कॉन्क्लेव में नेतृत्व, प्रतिभा पहचान, खेल विज्ञान, आधुनिक प्रशिक्षण, खेल अधोसंरचना, खेल संघों की भूमिका, ओलंपिक विजन और राज्य की पदक रणनीति जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विशेषज्ञ अपने अनुभव साझा कर रहे हैं।उप मुख्यमंत्री ने कहा,कि कॉन्क्लेव से निकलने वाले सुझावों को जमीन पर उतारा जाएगा, ताकि छत्तीसगढ़ के खिलाड़ियों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रतिस्पर्धा के लिए बेहतर माहौल मिल सके।
🟠नई खेल नीति में शामिल होंगे विशेषज्ञों के सुझाव
खेल एवं युवा कल्याण विभाग के सचिव यशवंत कुमार ने बताया कि कॉन्क्लेव में प्राप्त सुझावों को राज्य की नई खेल नीति का हिस्सा बनाया जाएगा। उन्होंने जानकारी दी,कि प्रदेश में वर्तमान समय में 150 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से खेल अधोसंरचना परियोजनाओं पर कार्य जारी हैं।
🟠किरण पिस्दा बोलीं खिलाड़ियों के लिए सुनहरा अवसर
अंतरराष्ट्रीय फुटबॉलर और खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स में स्वर्ण पदक जीतने वाली छत्तीसगढ़ महिला फुटबॉल टीम की कप्तान किरण पिस्दा ने कहा,कि बस्तर ओलंपिक, सरगुजा ओलंपिक और खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स जैसे आयोजन प्रदेश के खिलाड़ियों के लिए बड़े मंच साबित हुए हैं।उन्होंने कहा,कि पहली बार आयोजित यह स्पोर्ट्स कॉन्क्लेव खिलाड़ियों के भविष्य की दिशा तय करेगा और अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ियों को तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
🟠देशभर के खेल विशेषज्ञ एक मंच पर
कॉन्क्लेव में पूर्व अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर राजेश चौहान, ओलंपियन जिन्सन जॉनसन, छत्तीसगढ़ ओलंपिक संघ के महासचिव विक्रम सिसोदिया, खेल विभाग की संचालक तनुजा सलाम, विभिन्न जिलों के खेल अधिकारी, प्रशिक्षक, पदक विजेता खिलाड़ी तथा खेल संघों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।विशेषज्ञों ने खेल प्रतिभाओं की पहचान, आधुनिक प्रशिक्षण प्रणाली, स्पोर्ट्स साइंस, खेल अधोसंरचना और ओलंपिक स्तर की तैयारी पर विस्तार से अपने विचार साझा किए।











