न्यूज डेस्क,धमतरी,छत्तीसगढ़,6सितंबर2026
विकसित भारत-जी राम जी के आयुक्त एवं प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के संचालक तारन प्रकाश सिन्हा ने,धमतरी जिले के कुरूद विकासखंड की विभिन्न ग्राम पंचायतों का दौरा कर शासकीय योजनाओं और विकास कार्यों का मैदानी निरीक्षण किया। उन्होंने ग्राम पंचायत धूमा में बालिका शौचालय, अमृत सरोवर और पंचायत भवन का जायजा लिया। वहीं ग्राम पंचायत चरमुड़िया स्थित आंगनबाड़ी केंद्र की व्यवस्थाओं का भी निरीक्षण किया।
🟠श्रमिकों से चर्चा कर मजदूरी भुगतान की ली जानकारी
ग्राम पंचायत धूमा में बालिका शौचालय निर्माण कार्य का निरीक्षण करते हुए,आयुक्त सिन्हा ने कार्य में लगे श्रमिकों से बातचीत की और मजदूरी भुगतान की स्थिति की जानकारी ली। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को श्रमिकों का भुगतान समयबद्ध तरीके से सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।अमृत सरोवर के निरीक्षण के दौरान उन्होंने स्व-सहायता समूह द्वारा की जा रही मछली पालन गतिविधियों की जानकारी ली। समूह के सदस्यों से आजीविका और आयवर्धक गतिविधियों पर चर्चा करते हुए ग्रामीणों की आय बढ़ाने वाले कार्यों को और प्रभावी बनाने पर जोर दिया।
🟠क्यूआर कोड स्कैन कर देखी विकास कार्यों की प्रगति
आयुक्त ने पंचायत भवन में क्यूआर कोड स्कैन कर ग्राम पंचायत में कराए गए,विभिन्न विकास कार्यों की जानकारी देखी। उन्होंने क्लार्ट ऐप और युक्तधारा पोर्टल के माध्यम से प्रस्तावित एवं स्वीकृत कार्यों की स्थिति की समीक्षा की। प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के तहत आवास निर्माण की प्रगति की जानकारी पंचायत सचिव एवं ग्राम रोजगार सहायक से लेते हुए योजनाओं की प्रभावी मॉनिटरिंग और हितग्राहियों को समय पर लाभ दिलाने के निर्देश दिए।चरमुड़िया आंगनबाड़ी केंद्र के निरीक्षण के दौरान उन्होंने केंद्र की व्यवस्थाओं, उपलब्ध सुविधाओं और संचालन की स्थिति की जानकारी ली तथा बच्चों के लिए आवश्यक सुविधाओं के बेहतर प्रबंधन पर बल दिया।
🟠स्थानीय जरूरतों के आधार पर बने ग्राम पंचायतों की कार्ययोजना
भ्रमण के बाद जनपद पंचायत कुरूद में कार्यक्रम अधिकारियों और तकनीकी सहायकों की बैठक हुई। इसमें ग्राम पंचायतों की कार्ययोजना तैयार करने तथा कार्यों को Secure और युक्तधारा पोर्टल में शामिल करने की प्रक्रिया की समीक्षा की गई।आयुक्त सिन्हा ने अधिकारियों को निर्देश दिए,कि ग्राम पंचायतों की कार्ययोजना स्थानीय जरूरतों, उपलब्ध संसाधनों और ग्रामीणों की प्राथमिकताओं को ध्यान में रखकर तैयार की जाए। उन्होंने कहा कि कार्ययोजना केवल औपचारिकता न होकर उपयोगी, टिकाऊ और गुणवत्तापूर्ण परिसंपत्तियों के निर्माण का आधार बने।उन्होंने कार्यों की समयबद्ध स्वीकृति, गुणवत्तापूर्ण क्रियान्वयन और प्रभावी मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने के साथ अधिकारियों एवं तकनीकी सहायकों को आपसी समन्वय से काम करने के निर्देश दिए, ताकि ग्रामीण क्षेत्रों में विकास योजनाओं का अधिकतम लाभ आम नागरिकों तक पहुंच सके।












