न्यूज डेस्क,राउरकेला,उड़ीसा,6अक्टूबर2026
ओडिशा के राउरकेला में मिड-डे मील योजना के तहत, काम करने वाले रसोइयों और सहायकों ने लंबित मानदेय, तथा मानदेय में बढ़ोतरी की मांग को लेकर सोमवार को प्रदर्शन किया। बिजू श्रमिक समुख्य से संबद्ध राज्य कुक्स एंड हेल्पर्स एसोसिएशन के बैनर तले बड़ी संख्या में रसोइयों और सहायकों ने मार्च निकालकर अपनी मांगों को लेकर आवाज उठाई।प्रदर्शनकारियों का आरोप हैं,कि उन्हें पिछले चार महीनों से मानदेय का भुगतान नहीं किया गया हैं। लंबे समय से भुगतान लंबित होने के कारण परिवार की रोजमर्रा की जरूरतों को पूरा करने में आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा हैं।
🟠₹3,000 मानदेय को बढ़ाकर ₹14,000 करने की मांग
प्रदर्शन कर रहे रसोइयों और सहायकों ने बताया,कि वर्तमान में उन्हें केवल ₹3,000 प्रतिमाह मानदेय दिया जाता हैं। उनके अनुसार यह राशि लगभग ₹100 प्रतिदिन के बराबर बैठती हैं। प्रदर्शनकारियों ने मांग की कि दैनिक मजदूरी ₹472 के आधार पर उनके मानदेय में बढ़ोतरी कर इसे ₹14,000 प्रतिमाह किया जाए।उनका कहना हैं, कि स्कूलों में बच्चों के लिए भोजन तैयार करने के अलावा मिड-डे मील व्यवस्था से जुड़ी विभिन्न जिम्मेदारियां भी निभानी पड़ती हैं। ऐसे में मौजूदा मानदेय को पर्याप्त नहीं मानते हुए उन्होंने सरकार से इसमें सम्मानजनक बढ़ोतरी की मांग की हैं।
🟠सात सूत्री मांगों को लेकर निकाला मार्च
प्रदर्शनकारियों की मांग केवल मानदेय बढ़ाने तक सीमित नहीं हैं। संगठन ने अपनी सात सूत्री मांगों को लेकर आंदोलन किया। इनमें सबसे प्रमुख मांग पिछले चार महीनों से लंबित मानदेय का तत्काल भुगतान हैं।कर्मचारियों का कहना हैं,कि वे नियमित रूप से विद्यालयों में बच्चों के लिए भोजन तैयार करने और योजना से जुड़ी जिम्मेदारियां निभाते हैं, लेकिन समय पर मानदेय नहीं मिलने से उनकी आर्थिक स्थिति प्रभावित हो रही हैं।प्रदर्शनकारियों ने सरकार से लंबित भुगतान के साथ, भविष्य में मानदेय का नियमित और समय पर भुगतान सुनिश्चित करने की भी मांग की।
🟠पानपोष उपजिलापाल कार्यालय तक पहुंचा मार्च
रसोइयों और सहायकों का मार्च पानपोष उपजिलापाल कार्यालय पहुंचा, जहां उन्होंने धरना-प्रदर्शन किया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने अपनी मांगों को लेकर सरकार के, खिलाफ आवाज उठाई और मांगों के जल्द समाधान की मांग की।धरना-प्रदर्शन के बाद संगठन के प्रतिनिधिमंडल ने सात सूत्री मांगों से संबंधित ज्ञापन पानपोष उपजिलापाल के माध्यम से मुख्यमंत्री को सौंपा। ज्ञापन के जरिए लंबित मानदेय का तत्काल भुगतान, मानदेय में वृद्धि और भुगतान व्यवस्था में नियमितता की मांग रखी गई।
🟠मांगें पूरी नहीं हुईं तो आंदोलन तेज करने की चेतावनी
प्रदर्शनकारियों ने कहा,कि मिड-डे मील व्यवस्था में रसोइया और सहायक महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इसके बावजूद यदि उन्हें कई महीनों तक मानदेय नहीं मिलता हैं, तो इसका सीधा असर उनके परिवार की आर्थिक स्थिति पर पड़ता हैं।संगठन ने सरकार से मांगों पर जल्द सकारात्मक पहल करने की अपील की हैं। प्रदर्शनकारियों ने यह भी चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को आगे और व्यापक किया जा सकता हैं।अब प्रदर्शनकारियों की नजर सरकार की ओर से मिलने वाले जवाब और लंबित मानदेय के भुगतान को लेकर होने वाली कार्रवाई पर हैं।












