संदिली सिंह,रायपुर,छत्तीसगढ़,24जनवरी2026/विशेष रिपोर्ट-Nexis News
रायपुर साहित्य उत्सव 2026 के अंतर्गत “आदि से अनादि तक” थीम पर आयोजित सत्रों की श्रृंखला में अनिरुद्ध नीरव मंडप में एक विचारोत्तेजक चर्चा सत्र का आयोजन किया गया।“डिजिटल साहित्य: प्रकाशकों के लिए चुनौती” विषय पर केंद्रित इस सत्र में डिजिटल युग में साहित्य प्रकाशन की बदलती दिशा, संभावनाओं और चुनौतियों पर गहन मंथन हुआ।
सत्र में प्रभात प्रकाशन, दिल्ली के प्रतिनिधि प्रभात कुमार ने डिजिटल माध्यमों के प्रभाव पर विस्तार से चर्चा करते हुए कहा,कि ई-बुक्स, ऑडियो बुक्स और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म ने साहित्य को सीमित दायरे से निकालकर व्यापक पाठक वर्ग तक पहुँचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई हैं। उन्होंने यह भी रेखांकित किया कि डिजिटल बदलाव के चलते पारंपरिक प्रकाशन मॉडल को नई प्रतिस्पर्धा और संरचनात्मक चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा हैं।
सत्र के सूत्रधार डॉ. सुधीर शर्मा (वैभव प्रकाशन, रायपुर) ने डिजिटल तकनीक, कॉपीराइट संरक्षण, पाठकों की बदलती रुचियों और साहित्यिक गुणवत्ता बनाए रखने जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर संवाद को आगे बढ़ाया। वक्ताओं ने इस बात पर एकमत से सहमति जताई,कि डिजिटल माध्यम को चुनौती मानने के बजाय अवसर के रूप में अपनाकर नवाचार के माध्यम से साहित्य और प्रकाशन जगत को और अधिक सशक्त बनाया जा सकता हैं।
यह सत्र साहित्य प्रेमियों, लेखकों और प्रकाशकों के लिए डिजिटल युग में साहित्य की नई संभावनाओं को समझने का एक महत्वपूर्ण मंच साबित हुआ।












