संदिली सिंह,रायपुर,छत्तीसगढ़,6अगस्त2026
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने जनसंपर्क विभाग और कार्टून वॉच की संयुक्त पहल ‘मुस्कुराता बस्तर’ अभियान की सराहना करते हुए कहा,कि कार्टून कला बच्चों में रचनात्मकता, संवेदनशीलता, तार्किक सोच और सकारात्मक दृष्टिकोण विकसित करने का प्रभावी माध्यम हैं।गुरुवार को मंत्रालय महानदी भवन में कार्टून वॉच के संपादक त्र्यंबक शर्मा ने मुख्यमंत्री से सौजन्य मुलाकात कर उन्हें ‘मुस्कुराता बस्तर’ कार्टून प्रदर्शनी एवं प्रशिक्षण कार्यशाला की स्मारिका भेंट की और अभियान की जानकारी दी।
🟠कला व्यक्तित्व निर्माण का प्रभावी माध्यम
मुख्यमंत्री साय ने कहा,कि कला समाज को जोड़ने और नई पीढ़ी के व्यक्तित्व निर्माण का सशक्त माध्यम हैं। उन्होंने कहा कि कार्टून केवल मनोरंजन नहीं, बल्कि विचारों को सरल, सहज और प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करने की प्रभावी विधा हैं।उन्होंने कहा,कि बच्चों को प्रारंभिक अवस्था से ही रचनात्मक अभिव्यक्ति के अवसर मिलने चाहिए, जिससे उनमें आत्मविश्वास, संवेदनशीलता और सकारात्मक सोच का विकास हो सके।
🟠बस्तर के 100 विद्यार्थियों को मिला प्रशिक्षण
‘मुस्कुराता बस्तर’ अभियान के तहत जनसंपर्क विभाग और कार्टून वॉच द्वारा जगदलपुर सहित,बस्तर अंचल के विभिन्न शासकीय विद्यालयों के लगभग 100 विद्यार्थियों के लिए विशेष कार्टून प्रशिक्षण कार्यशाला आयोजित की गई।इस कार्यशाला में देश के प्रतिष्ठित कार्टूनिस्टों ने बच्चों को कार्टून कला, रेखांकन, व्यंग्य की अभिव्यक्ति, दृश्य संप्रेषण और रचनात्मक सोच की बारीकियों से परिचित कराया।
🟠सामाजिक विषयों पर सकारात्मक सोच विकसित करने पर जोर
प्रशिक्षण के दौरान विद्यार्थियों को अपनी कल्पनाशीलता को चित्रों के माध्यम से,व्यक्त करने और सामाजिक विषयों पर सकारात्मक दृष्टिकोण विकसित करने के लिए प्रेरित किया गया। मुख्यमंत्री ने उम्मीद जताई,कि भविष्य में भी ऐसे आयोजन प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में आयोजित किए जाएंगे, ताकि अधिक से अधिक विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर मिल सके।












