संदिली सिंह,रायपुर,छत्तीसगढ़,8अगस्त2026
स्वतंत्रता दिवस से पहले छत्तीसगढ़ देशभक्ति के रंग में, रंगने जा रहा हैं। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में प्रदेश में ‘हर घर तिरंगा’ और ‘वंदे मातरम्’ अभियान को जनभागीदारी के साथ व्यापक रूप देने की तैयारी की गई हैं। संस्कृति विभाग के निर्देशानुसार 7 से 17 अगस्त तक प्रदेशभर में विभिन्न देशभक्ति और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।इस वर्ष का ‘हर घर तिरंगा’ अभियान ‘वंदे मातरम्’ के 150वें वर्ष के स्मरणोत्सव से भी जुड़ा हैं। अभियान के तहत प्रदेश के जिलों, विकासखंडों, ग्राम पंचायतों और शैक्षणिक संस्थानों में लोगों की भागीदारी से विभिन्न कार्यक्रम होंगे।
🟠9 से 17 अगस्त तक हर घर तिरंगा अभियान
राज्य में 9 से 17 अगस्त 2026 तक ‘हर घर तिरंगा’ अभियान चलाया जाएगा। वहीं 7 से 15 अगस्त तक ‘वंदे मातरम्’ गायन और इससे जुड़े सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। 15 अगस्त को ध्वजारोहण के बाद प्रदेशभर में सामूहिक राष्ट्रगान और ‘वंदे मातरम्’ गायन होगा।
🟠तिरंगा यात्रा और मैराथन से बनेगा देशभक्ति का माहौल
अभियान के दौरान जिला मुख्यालयों, विकासखंडों, ग्राम पंचायतों और शिक्षण संस्थानों में तिरंगा यात्राएं, बाइक रैली, कार रैली, मशाल रैली और तिरंगा मैराथन आयोजित की जाएंगी। इनमें जनप्रतिनिधियों के साथ पुलिस, NCC, NSS, स्काउट-गाइड, स्व-सहायता समूह और आम नागरिकों की भागीदारी होगी।
🟠तिरंगे के साथ सेल्फी लेकर पोर्टल पर कर सकेंगे अपलोड
‘हर घर तिरंगा’ अभियान के तहत नागरिक अपने घर पर फहराए गए तिरंगे के साथ सेल्फी लेकर पोर्टल पर अपलोड कर सकेंगे। इसके अलावा सार्वजनिक स्थानों पर तिरंगा कैनवास, तिरंगा मेले और देशभक्ति कॉन्सर्ट आयोजित किए जाएंगे। इन आयोजनों के जरिए स्थानीय कारीगरों और स्वदेशी उत्पादों को भी बढ़ावा देने की योजना है।
🟠वंदे मातरम् गायन के लिए लगेंगे ऑडियो-वीडियो बूथ
प्रदेशभर में ऑडियो और वीडियो बूथ भी स्थापित किए जाएंगे। यहां नागरिक ‘वंदे मातरम्’ गाकर अपनी रिकॉर्डिंग कर सकेंगे और उसे अपलोड कर सकेंगे। इसका उद्देश्य अधिक से अधिक लोगों को अभियान से जोड़ना और देशभक्ति की भावना को जनभागीदारी से मजबूत करना हैं।
🟠14 अगस्त को विभाजन विभीषिका स्मरण दिवस
14 अगस्त को ‘विभाजन विभीषिका स्मरण दिवस’ मनाया जाएगा। इस दौरान भारत विभाजन की त्रासदी और स्वतंत्रता संग्राम के बलिदानों को याद किया जाएगा। विभिन्न स्थानों पर विशेष प्रदर्शनियां लगाई जाएंगी। वहीं राज्य पुलिस बैंड द्वारा सार्वजनिक स्थलों पर देशभक्ति गीतों की प्रस्तुतियां दी जाएंगी।प्रदेश में आयोजित होने वाले इन कार्यक्रमों का उद्देश्य स्वतंत्रता पर्व को केवल सरकारी आयोजन तक सीमित न रखकर जनभागीदारी के माध्यम से राष्ट्रप्रेम और देशभक्ति का व्यापक उत्सव बनाना हैं।












