संदिली सिंह,रायपुर,छत्तीसगढ़,11जुलाई2026
छत्तीसगढ़ में नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत उत्साह और उल्लास के साथ हो रही हैं। पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री राजेश अग्रवाल ने सरगुजा जिले के उदयपुर स्थित स्वामी आत्मानंद गवर्नमेंट अंग्रेजी माध्यम स्कूल में, आयोजित विकासखंड स्तरीय शाला प्रवेश उत्सव में, शामिल होकर नवप्रवेशी बच्चों का आत्मीय स्वागत किया। उन्होंने बच्चों को मिठाई खिलाकर नए शैक्षणिक जीवन की शुभकामनाएं दीं और अध्ययन सामग्री वितरित कर उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
🟠गुणवत्तापूर्ण शिक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता
मंत्री राजेश अग्रवाल ने कहा,कि राज्य सरकार का लक्ष्य हर बच्चे तक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और बेहतर अवसर पहुंचाना हैं। उन्होंने कहा,कि शिक्षा केवल ज्ञान का माध्यम नहीं, बल्कि आत्मनिर्भर, जागरूक और संस्कारित समाज की मजबूत नींव हैं। सरकार ऐसा शैक्षणिक वातावरण तैयार कर रही हैं,जहां हर विद्यार्थी अपनी प्रतिभा को निखारकर अपने सपनों को साकार कर सके।
🟠विद्यालय केवल पढ़ाई नहीं, व्यक्तित्व निर्माण का केंद्र
उन्होंने विद्यार्थियों को नियमित विद्यालय आने, मन लगाकर पढ़ाई करने और जीवन में बड़े लक्ष्य तय करने के लिए प्रेरित किया। मंत्री ने कहा,कि विद्यालय बच्चों में अनुशासन, आत्मविश्वास, संस्कार और नेतृत्व क्षमता विकसित करने का महत्वपूर्ण माध्यम हैं।
🟠सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने बांधा समां
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं, जिनकी मंत्री ने सराहना की। इस अवसर पर मेधावी विद्यार्थियों को सम्मानित भी किया गया और उन्हें भविष्य में भी उत्कृष्ट प्रदर्शन जारी रखने के लिए प्रोत्साहित किया गया।
🟠शिक्षकों और अभिभावकों की भूमिका अहम
मंत्री ने नवीन शैक्षणिक सत्र की शुभकामनाएं देते हुए कहा,कि बच्चों के सर्वांगीण विकास में अभिभावकों और शिक्षकों की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण होती हैं। उनके सामूहिक प्रयासों से ही शिक्षित, जागरूक और सशक्त समाज का निर्माण संभव हैं।कार्यक्रम में जनप्रतिनिधि, शिक्षक, अभिभावक और बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे।












