न्यूज डेस्क,अंबिकापुर,छत्तीसगढ़,3अगस्त2026
सरगुजा जिले के अंबिकापुर जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (सीईओ) राजेश सिंह सेंगर को, तत्काल कार्यमुक्त किए जाने की मांग को लेकर सरपंच संघ ने कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर ज्ञापन सौंपा। सरपंचों ने सीईओ की कार्यशैली पर गंभीर आरोप लगाते हुए स्थानांतरण आदेश का पालन कराने, शिकायतों की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की हैं। मामले को गंभीरता से लेते हुए सरगुजा कलेक्टर अजीत बसंत ने जांच के निर्देश जारी किए हैं।
🟠स्थानांतरण के बाद भी नहीं हुए कार्यमुक्त
सरपंच संघ का आरोप हैं,कि 30 जून 2026 को राजेश सिंह सेंगर का स्थानांतरण जनपद पंचायत रामानुजनगर के लिए हो चुका हैं,लेकिन एक माह से अधिक समय बीत जाने के बावजूद उन्हें अब तक कार्यमुक्त नहीं किया गया हैं। इससे जनपद पंचायत के प्रशासनिक कार्यों पर भी असर पड़ रहा हैं।
🟠कार्यशैली पर लगाए गंभीर आरोप
ज्ञापन में सरपंचों ने आरोप लगाया,कि सीईओ के कार्यकाल के दौरान कई ग्राम पंचायतों के जनप्रतिनिधियों को अनावश्यक जांच, प्रशासनिक दबाव और कथित अवैध मांगों का सामना करना पड़ा। उनका कहना हैं,कि इससे पंचायतों का विकास कार्य प्रभावित हुआ और जनप्रतिनिधियों में असंतोष बढ़ा।
🟠सरपंच संघ अध्यक्ष के मामले की भी जांच की मांग
सरपंच संघ ने अपने ज्ञापन में संघ के जिला अध्यक्ष रामसाय मिंज के विरुद्ध हुई कार्रवाई की भी निष्पक्ष जांच कराने की मांग की हैं। उनका कहना हैं,कि पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कर सच्चाई सामने लाई जानी चाहिए।
🟠कलेक्टर ने दिए जांच के निर्देश
मामले पर सरगुजा कलेक्टर अजीत बसंत ने कहा,कि सरपंच संघ का ज्ञापन प्राप्त हो गया हैं। उन्होंने जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी को पूरे मामले की नियमानुसार जांच कर प्रतिवेदन प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। जांच रिपोर्ट मिलने के बाद नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।सरपंच संघ के पदाधिकारियों ने कहा कि उनकी मांग किसी व्यक्ति विशेष के खिलाफ नहीं, बल्कि पंचायत व्यवस्था में पारदर्शिता और निष्पक्ष प्रशासन सुनिश्चित करने के लिए हैं। यदि समय रहते उचित कार्रवाई नहीं हुई तो सरपंच संघ आगे आंदोलन की रणनीति भी बना सकता हैं।












