संदिली सिंह,जशपुर,छत्तीसगढ़,18फरवरी 2026/विशेष रिपोर्ट-Nexis News
छत्तीसगढ़ के जशपुर में नौकरी दिलाने के नाम पर 4 लाख 35 हजार रुपये की ठगी का मामला सामने आया हैं। खुद को कलेक्ट्रेट का बड़ा अधिकारी बताकर दो युवकों से रकम ऐंठने वाले आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया हैं। मामला सिटी कोतवाली जशपुर क्षेत्र का हैं।पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 318(4) के तहत अपराध दर्ज किया हैं। गिरफ्तार आरोपी की पहचान प्रदीप पंडा (28 वर्ष), निवासी पुसौर, जिला रायगढ़ के रूप में हुई हैं।
🟠ऐसे रची ठगी की पटकथा
16 फरवरी 2026 को ग्राम इचकेला निवासी रोहित खाखा (23 वर्ष) ने सिटी कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई। शिकायत के मुताबिक आरोपी ने रोहित की मां से संपर्क कर खुद को कलेक्ट्रेट का वरिष्ठ अधिकारी बताया और सुरक्षा गार्ड की भर्ती में नौकरी लगवाने का झांसा दिया।
जनवरी 2026 में पहले 50 हजार रुपये लिए।बाद में ज्वाइनिंग लेटर दिलाने का भरोसा देकर 1 लाख 50 हजार रुपये और ऐंठे।इसके बाद ठूठीअंबा निवासी उमेश भगत की मां से भी 2 लाख 35 हजार रुपये ले लिए।नौकरी की आस में पीड़ित परिवारों ने जमीन गिरवी रखकर रकम जुटाई। जब लंबे समय तक नियुक्ति पत्र नहीं मिला और आरोपी टालमटोल करता रहा, तब ठगी का खुलासा हुआ।
🟠होटल से दबोचा गया आरोपी
मामले की गंभीरता को देखते हुए,पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की और आरोपी को जशपुर के एक होटल से घेराबंदी कर हिरासत में लिया। पूछताछ में आरोपी ने अपराध स्वीकार करते हुए बताया,कि ठगी की रकम से उसने उधारी चुकाई, फर्नीचर और कंप्यूटर खरीदा तथा अन्य खर्च किए।भट्टी रोड स्थित उसके तथाकथित कार्यालय से टेबल, कुर्सी और कंप्यूटर जब्त किए गए हैं। पर्याप्त साक्ष्य मिलने पर आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
🟠पुलिस टीम की अहम भूमिका
कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक मोरध्वज देशमुख, सहायक उप निरीक्षक विपिन किशोर केरकेट्टा, आरक्षक विनोद तिर्की और नगर सैनिक थानेश्वर देशमुख की महत्वपूर्ण भूमिका रही।पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की हैं,कि सरकारी नौकरी या भर्ती से जुड़े किसी भी प्रस्ताव की आधिकारिक पुष्टि अवश्य करें और किसी भी अनजान व्यक्ति को पैसे देने से पहले सतर्क रहें।












