संदिली सिंह,रायपुर,छत्तीसगढ़/3नवंबर2025/विशेष रिपोर्ट-Nexis News
छत्तीसगढ़ रजत महोत्सव में इस बार कृषि एवं उद्यानिकी विभाग की प्रदर्शनी ने लोगों का ध्यान खींचा। यहां महात्मा गांधी उद्यानिकी एवं वानिकी विश्वविद्यालय, दुर्ग द्वारा महिलाओं को सीताफल से पल्प और आइसक्रीम बनाने का प्रशिक्षण दिया जा रहा हैं, जिससे उन्हें स्वरोजगार और आत्मनिर्भरता की दिशा में बढ़ावा मिल रहा हैं।
विश्वविद्यालय के डीन डॉ. नारायण साहू ने बताया,कि सीताफल पल्प से आइसक्रीम निर्माण एक कम लागत और अधिक मुनाफे वाला मॉडल प्रोजेक्ट हैं, जो ग्रामीण महिलाओं के लिए आय का बेहतर साधन बन सकता हैं।
प्रशिक्षण में शामिल महिलाओं ने बताया,कि अब वे सीखी तकनीक से घरेलू स्तर पर आइसक्रीम और जूस निर्माण का व्यवसाय शुरू करेंगी। यह पहल न सिर्फ आर्थिक सशक्तिकरण की ओर कदम हैं,बल्कि रचनात्मकता और आत्मनिर्भरता का भी सुंदर उदाहरण हैं।












