संदिली सिंह,अंबिकापुर,छत्तीसगढ़,12फरवरी 2026/विशेष रिपोर्ट-Nexis News
सरगुजा जिले के मैनपाट में बक्साइट खदान से प्रभावितों को दिए जाने वाले करीब ₹19 करोड़ के मुआवजा वितरण में गड़बड़ी और कथित फर्जीवाड़े का मामला सामने आया हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए,कलेक्टर सरगुजा ने मैनपाट के तहसीलदार और संबंधित पटवारी को जिला कार्यालय में अटैच कर दिया हैं,तथा जांच के लिए कमेटी गठित की हैं।
🟠फर्जीवाड़े की आशंका, जांच के आदेश
प्राथमिक जांच में सामने आया हैं,कि मुआवजा वितरण में अनियमितता बरती गई हैं। आरोप हैं,कि जिन व्यक्तियों के पास जमीन नहीं हैं,उनके नाम पर भी मुआवजा तैयार किया गया।सूत्रों के अनुसार, 23 से अधिक ऐसे लोगों को मुआवजा देने की तैयारी थी जिनके पास भूमि नहीं हैं।पूर्व PSC अध्यक्ष के बेटे के फार्म हाउस का भी मामला बताया जा रहा हैं,कि छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग के पूर्व अध्यक्ष टामन सिंह सोनवानी के बेटे के फार्म हाउस को खेत दर्शाकर मुआवजा देने की प्रक्रिया भी शामिल थी।
🟠प्रभावित गांवों का विवरण
जानकारी के अनुसार मैनपाट के उरंगा गांव के 220 लोगों बरिमा गांव के 24 लोगों को मुआवजा दिया जाना प्रस्तावित था।तय समय में देनी होगी रिपोर्ट कलेक्टर ने गठित जांच कमेटी को निर्धारित समय-सीमा के भीतर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
🟠बाइट : अजीत वसंत, कलेक्टर, सरगुजा (अंबिकापुर)
(“मुआवजा वितरण में गड़बड़ी की शिकायत मिली हैं। मामले की जांच के लिए कमेटी गठित की गई हैं। दोषियों पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।”)












